रिपोर्ट लोकेन्द्र रावत जनपद चमोली के विकास खण्ड कर्णप्रयाग के ग्राम जयकण्डी के वन पंचायत भूमि में समळौ॑ण आन्दोलन के तहत बांज,कचनार, आंवला...
ByvomadminAugust 29, 2026रिपोर्ट कमलेश पुरोहित चमोली, 17 अगस्त 2026। टीएचडीसी पीपलकोटी–सियासैंण परियोजना में 13 अगस्त 2026 को हुई गंभीर दुर्घटना को लेकर उत्तराखंड क्रांति दल...
ByvomadminAugust 17, 2026उत्तराखंड महिला मंच, उत्तराखंड इंसानियत मंच एवं छात्र हित समर्थक जनसंगठनों ने सूरजमल विश्वविद्यालय कॉलेज ऑफ नर्सिंग, किच्छा में अध्ययनरत छात्रों के भविष्य...
ByvomadminAugust 17, 2026रिपोर्ट प्रभुपाल सिंह रावत रिखणीखाल विकासखंड क्षेत्र में हिंसक बाघ एवं तेंदुओं के बढ़ते आतंक पर आज रिखणीखाल वेलफेयर सोसायटी द्वारा जिलाधिकारी पौडी...
ByvomadminAugust 8, 2026देहरादून। उत्तराखण्ड में जमीनों की धड़ल्ले से हो रही खरीद-फरोख्त पर विवाद का सिलसिला थमने का नाम नहीं ले रहा है। हालिया प्रकरणों के सार्वजनिक होने के बाद उत्तराखण्ड क्रान्ति दल एक बार फिर इस गंभीर मुद्दे पर मुखर हो गया है। कचहरी रोड स्थित केंद्रीय कार्यालय में भू-कानून और सरकार के प्रस्तावित ‘देवभूमि कार्ड’ को लेकर पार्टी की महत्वपूर्ण मंथन बैठक आयोजित की गई। बैठक में राज्य सरकार द्वारा प्रस्तावित ‘देवभूमि कार्ड’ की अवधारणा, प्रदेश में लगातार हो रही जमीनों की खरीद-फरोख्त तथा मूल निवासियों के अधिकारों से जुड़े गंभीर विषयों पर विस्तृत चर्चा की गई। बैठक में वक्ताओं ने एक स्वर में कहा कि उत्तराखण्ड के मूल निवासियों के अधिकारों की रक्षा के लिए मजबूत, स्पष्ट और प्रभावी भू-कानून की आवश्यकता है। सरकार जिस प्रकार ‘देवभूमि कार्ड’ की व्यवस्था लागू करने की बात कर रही है, वह प्रदेश की मूल समस्या का समाधान नहीं है। इससे उत्तराखण्ड के मूल निवासियों के संवैधानिक, सामाजिक और भूमि संबंधी अधिकारों को वह संरक्षण नहीं मिलेगा जिसकी आज आवश्यकता है। उत्तराखण्ड क्रान्ति दल के मूल निवास भू-कानून प्रकोष्ठ के अध्यक्ष लूशुन टोडरिया ने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि वर्तमान समय में प्रदेश के पर्वतीय क्षेत्रों में बाहरी व्यक्तियों एवं प्रॉपर्टी डीलरों द्वारा सोशल मीडिया के माध्यम से खुलेआम जमीन खरीदने और बेचने के विज्ञापन प्रसारित किए जा रहे हैं। यह स्थिति उत्तराखण्ड की सांस्कृतिक पहचान, जनसांख्यिकीय संतुलन और प्राकृतिक संसाधनों के लिए गंभीर खतरा पैदा कर रही है। टोडरिया ने आरोप लगाया कि इन गतिविधियों पर प्रभावी रोक लगाने के बजाय राज्य सरकार उदासीन रवैया अपनाए हुए है। उन्होंने कहा कि जिस तरह पौड़ी जिले के सबदरखाल में 144 नाली जमीन बिकने का मामला सामने आया है, उससे स्पष्ट होता है कि उत्तराखण्ड सरकार का भू-कानून जमीनों की बेतहाशा खरीद-फरोख्त पर रोक लगाने में पूरी तरह विफल साबित हो रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि वर्तमान भू-कानून भी भू माफियाओं के हितों को ध्यान में रखकर बनाया गया प्रतीत होता है। टोडरिया ने उत्तराखण्ड सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि अगर जल्द ही प्रदेश में जमीनों की इस बेतहाशा खरीद-फरोख्त पर रोक नहीं लगाई गई तो आगामी विधानसभा चुनाव में उत्तराखण्ड क्रान्ति दल गांव-गांव जाकर सरकार की इस हिमालय विरोधी सोच और उसकी भू-कानून नीति की पोल जनता के सामने खोलेगा। उन्होंने कहा कि उत्तराखण्ड की जमीन को बाजार बनने नहीं दिया जाएगा और इस लड़ाई को निर्णायक स्तर तक ले जाया जाएगा। केंद्रीय महामंत्री सेवानिवृत्त कर्नल देवरानी ने कहा कि जहां प्रदेश की जनता उत्तराखण्ड सरकार से मूल निवास प्रमाण-पत्र की मांग कर रही है, वहीं दूसरी ओर सरकार ‘देवभूमि कार्ड’ बनाकर 15 साल के निवास के आधार पर निवास प्रमाण-पत्र देने की तैयारी कर रही है। उन्होंने कहा कि यह व्यवस्था उत्तराखण्ड के मूल निवासियों के अधिकारों पर सीधा हमला है। सरकार को यह स्पष्ट करना चाहिए कि वह प्रदेश के मूल निवासियों के अधिकारों की रक्षा करना चाहती है या बाहरी लोगों के लिए स्थायी बसावट का रास्ता आसान करना चाहती है। केंद्रीय प्रवक्ता मीनाक्षी घिल्डियाल ने कहा कि एक ओर सरकार सशक्त भू-कानून लागू होने के बड़े-बड़े दावे करती है, वहीं दूसरी ओर प्रदेश में भूमि की अनियंत्रित खरीद-फरोख्त लगातार जारी है। यदि वास्तव में भू-कानून प्रभावी होता तो प्रदेश के पर्वतीय क्षेत्रों में जमीनों की खरीद-बिक्री का इस प्रकार खुलेआम प्रचार-प्रसार संभव नहीं होता। सरकार को अपने दावों और जमीन पर दिखाई दे रही वास्तविक स्थिति के बीच का अंतर जनता को बताना चाहिए। सैनिक प्रकोष्ठ के अध्यक्ष महिपाल पुंडीर ने कहा कि उत्तराखण्ड राज्य का निर्माण केवल भौगोलिक सीमाओं के लिए नहीं हुआ था, बल्कि यहां के मूल निवासियों की संस्कृति, पहचान, संसाधनों और अधिकारों की रक्षा के उद्देश्य से भी हुआ था। इसलिए सरकार को प्रतीकात्मक योजनाओं के बजाय मूल निवास की स्पष्ट परिभाषा, सख्त भू-कानून और भूमि संरक्षण की प्रभावी व्यवस्था लागू करनी चाहिए। तराई प्रभारी राजेंद्र बिष्ट ने राज्य सरकार से मांग...
ByvomadminAugust 8, 2026रिपोर्ट विक्रम पटवाल आज, 07 अगस्त 2026 को, सत्र 2026–27 के लिए स्टैंडर्ड क्लब की पहली गतिविधि “मानक लेखन” प्रतियोगिता का आयोजन शहीद...
ByvomadminAugust 7, 2026रिपोर्ट विक्रम पटवाल देहरादून मे अब गौरय्या कम दिखती है लाल बासमती गायब हो गया है धाद के हरेला 26 मे बच्चों ने...
ByvomadminAugust 6, 2026रिपोर्ट महिपाल रावत पूर्व नगर निगम पार्षद गाजियाबाद स्व प. मुकन्द राम पोखरियाल की 7वीं पुण्यतिथि पर आज उनके परिवार और समाज से...
ByvomadminAugust 2, 2026“देश की बात फाउंडेशन” द्वारा राष्ट्रीय रोजगार नीति गारंटी कानून बनाने के लिए उत्तराखंड की राजधानी देहरादून में “रोजगार संसद” का आयोजन किया...
ByjigyasuAugust 28, 2023सत्यपाल नेगी/ पहाड़ो की आवाज” ये कैसा लॉक डाउन-? जहाँ राज्य के भीतर ही अपने लोगों को आने जाने...
ByjigyasuMay 4, 2020रिपोर्ट महिपाल रावत धुमाकोट आज सुबह धुमाकोट से पीपली मार्ग पर पीपली के पास एक समान से लदा डंपर अपना संतुलन खो कर...
ByjigyasuFebruary 21, 2022रिपोर्ट लोकेन्द्र रावत आज दि0 30 जुलाई, 2026 को उत्तराखंड क्रांति दल द्वारा केंद्रीय महामंत्री बृजमोहन सिंह सजवाण के नेतृत्व में बद्रीनाथ-केदारनाथ मंदिर...
ByvomadminJuly 30, 2026रिपोर्ट विक्रम पटवाल पौडी- ग्राम श्रीकोट,पट्टी खातस्यू,ब्लॉक पाबौ जिला पौड़ी गढ़वाल के गांव मे प्रसिद्व भगवान शिव मंदिर जो काफी प्रसिद्व है तो...
ByvomadminJuly 16, 2026रिपोर्ट प्रताप सिंह नेगी कर्नाटक खोला–सरकार की आली–रेलापाली लिंक मोटर मार्ग की कटिंग 90 प्रतिशत पूरी,बिट्टू कर्नाटक ने मुख्यमंत्री धामी का जताया आभार,12...
ByvomadminJuly 14, 2026रिपोर्ट प्रभुपाल सिंह रावत बुढ़ापे का सहारा माने जाने वाली वृद्धावस्था पेंशन आज भी 70 वर्ष पार कर चुकी कई महिलाओं के लिए...
ByvomadminJuly 13, 2026रिपोर्ट प्रताप सिंह नेगी कषाण बैंड से अगेरा तिमूरी सड़क मार्ग को तत्कालीन सरकार के टाइम से स्वीकृति मिली है लेकिन आज तक...
ByvomadminJuly 10, 2026रिपोर्ट महिपाल रावत आज दि0 10 जुलाई 2026 को उत्तराखंड राज्य प्राथमिक शिक्षक संघ शाखा नैनी डांडा के तत्वावधान में एक दिवसीय धरना...
ByvomadminJuly 10, 2026रिपोर्ट कमलेश पुरोहित चमोली जनपद में ‘सेवा, सुशासन एवं समर्पण सप्ताह’ के अंतर्गत शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं का लाभ दूरस्थ क्षेत्रों तक पहुंचाने...
ByvomadminJuly 9, 2026रिपोर्ट प्रताप सिंह नेगी उत्तराखंड- आशा कर्मचारी महासंघ ने आज कुमांऊ गढवाल से हुंककार भरी एक दिवसीय रैली निकालकर केद्र सरकार व राज्य...
ByvomadminJuly 9, 2026रिपोर्ट प्रताप सिंह नेगी अखिल भारतीय आशा कर्मचारी महासंघ ने भारतीय मजदूर संघ के बैनर के साथ उत्तराखंड के देहरादून में एक दिवसीय...
ByvomadminJuly 9, 2026